गाय को राष्ट्र माता घोषित करने की मांग कर रहे जगतगुरु शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद जी को नहीं मिली दिल्ली के रामलीला मैदान में बैठने की अनुमति

ख़बर शेयर करें

गाय को राष्ट्र माता घोषित करने के अभियान पर निकले ज्योतिष पीठाधीश्वर जगदगुरु स्वामी श्री अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती को कल दिल्ली के रामलीला मैदान में बैठने की अनुमति नहीं दी गई है स्वामी श्री अविमुक्तेश्वरानंद जी 10 मार्च को मेरठ से चलते हुए विभिन्न स्थानों का भ्रमण करते हुए कुरुक्षेत्र से 17 मार्च को दिल्ली पहुंचने वाले थे जहां रामलीला मैदान पर वे केंद्र सरकार व अन्य विपक्षी दलों के नेताओं का गाय के संदर्भ में दृष्टिकोण जानने का इंतजार करने वाले थे जगतगुरु शंकराचार्य श्री अविमुक्तेश्वरानंद जी ने गुरुग्राम में मीडिया से कहा कि उनकी मांग गाय को राष्ट्रमाता घोषित करने की है ताकि भारत माता के मस्तक पर गौ हत्या का कलंक हमेशा हमेशा के लिए मिट जाए इस संदर्भ में उनका कहना है कि केंद्र सरकार समेत विपक्षी दलों के नेता भी यह राय स्पष्ट करें कि वह गाय को राष्ट्र माता का दर्जा दिए जाने के पक्ष में है अथवा नहीं उनका यह भी कहना था कि 17 मार्च के बाद फिर वह अब अगला निर्णय लेंगे इधर जगतगुरु शंकराचार्य ने ऐलान किया है कि कल वे दिल्ली में अवश्य जाएंगे हालांकि रामलीला मैदान में वे नहीं बैठेंगे उन्होंने कहा कि दिल्ली सरकार का मानना है कि कानून व्यवस्था को इससे खतरा उत्पन्न हो सकता है इस पर उन्होंने आश्चर्य व्यक्त किया और सवाल पूछा है कि क्या उनके बैठने से कानून व्यवस्था को खतरा होगा या कोई और कानून व्यवस्था में दखल डालना चाह रहा है उन्होंने ऐलान कर दिया है कि वह पूरे दिल्ली में कल अपने वाहन से घूमेंगे और जहां-जहां राजनीतिक दलों के कार्यालय होंगे उसके आगे कुछ समय रुकेंगे उनकी यह परिक्रमा आंदोलन का ही एक अंग होगी

Advertisement
ADVERTISEMENTS Ad Ad Ad Ad