सामाजिक समरसता का प्रतीक है होली: घनश्याम रस्तोगी

ख़बर शेयर करें

प्रमुख सामाजिक कार्यकर्ता एवं ग्रीन सिटी सर्राफा एंड स्वर्णकार एसोसिएशन हल्द्वानी के अध्यक्ष घनश्याम रस्तोगी ने समस्त प्रदेशवासियों को रंगों के पर्व होली की शुभकामनाएं दी है उन्होंने दिए गए शुभकामना संदेश में कहा कि होली का रंग सामाजिक समरसता का प्रतीक है जो आपसी गिले शिकवे को दूर कर प्रेम एवं सौहार्द को बढ़ावा देता है उन्होंने कहा कि होली का पर्व जहां बुराई पर अच्छाई की जीत का प्रतीक है वहीं इसका अपना विशेष पौराणिक महत्व भी है उन्होंने कहा कि भक्त प्रहलाद की कथा होली के महान पर्व से जुड़ी हुई है भक्त प्रहलाद ने उस नाम को जाना जो सांसों की माला में निरंतर व्याप्त है इस नाम के सुमिरन से भक्त प्रहलाद की रक्षा हुई और हिरण कश्यप का अंत हुआ, घनश्याम रस्तोगी ने कहा कि आज सामाजिक सौहार्द प्रेम एवं भाईचारे की नितांत आवश्यकता है और समाज के शोषित वंचित लोगों की मदद कर उन्हें समाज की मुख्य धारा से जोड़ना भी होली के पर्व का संदेश है यह पर्व हमें जाति-पाति भाषा क्षेत्र से ऊपर उठकर एकता का संदेश देता है यह पर्व इस बात का भी प्रतीक है कि होलिका दहन से सीख लेकर हमें अपनी एक न एक बुराई का अंत कर बदले में अच्छाई को ग्रहण करना चाहिए और धर्म एवं अध्यात्म के मार्ग पर चलते हुए सनमार्गी बनना चाहिए उन्होंने कहा की परिस्थितियों कैसी भी हो हमें अपने ईस्ट आराध्य एवं पूर्वजों के साथ-साथ अपने धर्म एवं संस्कृति को कभी नहीं भूलना चाहिए क्योंकि जब हम अपने धर्म एवं संस्कृति के मार्ग पर चलेंगे तो ईश्वर भी पग पग पर हमारी सहायता करेगा और सदगुरुदेव की कृपा हमेशा व्यक्ति के जीवन पर बनी रहेगी

Advertisement
ADVERTISEMENTS
यह भी पढ़ें 👉  धूमधाम से मनाया जाएगा अंतर्राष्ट्रीय आध्यात्मिक संत सदगुरुदेव श्री सतपाल महाराज जी का जन्मोत्सव, देश की जानी मानी राजनीतिक आध्यात्मिक हस्तियां भी पहुंचेंगी
Ad Ad Ad Ad